भोपाल · Amar Ujala
एमपी: जहरीली शराब से मौत मामले में पटवारी का अमित शाह को पत्र, थानेदार से एसपी तक की जवाबदेही तय करने की मांग
27 Oct 2026, 1:00 am
एमपी: जहरीली शराब से मौत मामले में पटवारी का अमित शाह को पत्र, थानेदार से एसपी तक की जवाबदेही तय करने की मांग
Tue, 27 Oct 2026 06:30 PM IST
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
Published by: Sandeep Kumar Tiwari
Updated Tue, 27 Oct 2026 06:30 PM IST
सार
जहरीली शराब से देवास में 20 से अधिक मौतों के मामले में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने थाना प्रभारी से लेकर पुलिस अधीक्षक तक की जवाबदेही तय करने, शराब माफिया के पूरे नेटवर्क की जांच और आबकारी विभाग पर कार्रवाई की मांग की। पटवारी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर निष्पक्ष जांच और केंद्रीय हस्तक्षेप की मांग भी की है।

पीसीसी चीफ जीतू पटवारी
– फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मध्य प्रदेश में जहरीली शराब से मौतों को लेकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने एमपी सरकार पर निशाना साधा है। देवास के चांदाना और बिजासन गांवों में 20 से अधिक मौतों का हवाला देते हुए उन्होंने शराब माफिया पर कार्रवाई और पुलिस-प्रशासन की जवाबदेही तय करने की मांग की। पटवारी ने आरोप लगाया कि मंत्रालय की पांचवीं मंजिल पर शराब माफिया सरकार चला रहा है। पटवारी ने कहा कि जिस थाना क्षेत्र में अवैध शराब बिकती है, वहां के थाना प्रभारी के साथ पुलिस अधीक्षक पर भी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि देवास में शुरुआत में प्रशासन जहरीली शराब से मौतों की बात से इनकार करता रहा, जबकि बाद में मामले में गिरफ्तारी हुई। उन्होंने कहा कि सरकार घटना को छिपाने के बजाय निष्पक्ष जांच कराए और प्रभावित परिवारों को न्याय दे। वे देवास जाकर पीड़ित परिवारों से मिलेंगे और कलेक्टर से चर्चा करेंगे।

सागर से देवास तक उठाए सवाल
पटवारी ने सागर में जहरीली शराब से हुई मौतों की जांच के लिए गठित आयोग की रिपोर्ट में देरी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर निष्पक्ष जांच, शराब माफिया के नेटवर्क की पड़ताल और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई के लिए केंद्रीय हस्तक्षेप मांगा है। पत्र में उन्होंने अक्टूबर 2020 में उज्जैन में 14, जनवरी 2021 में मुरैना में 24 और सितंबर 2026 में सागर में 30 लोगों की मौत का उल्लेख किया। मंदसौर में मई 2021 की घटना और देवास में अक्टूबर 2026 में 20 से अधिक मौतों का भी हवाला दिया।
सिर्फ दुकानदार नहीं, पूरे नेटवर्क की जांच की मांग
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने जहरीली शराब के कारोबार को केवल किसी एक गांव या दुकान तक सीमित मानकर जांच करने पर सवाल उठाए। उन्होंने आशंका जताई कि इसके पीछे कच्चे माल की आपूर्ति, पैकेजिंग, परिवहन और वितरण से जुड़ा संगठित नेटवर्क हो सकता है।
पटवारी ने मांग की कि पुलिस और आबकारी विभाग के साथ दूसरे राज्यों की संबंधित एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित किया जाए। जांच में यह पता लगाया जाए कि अवैध शराब कहां तैयार हुई, उसकी आपूर्ति किन माध्यमों से हुई और वितरण में किन लोगों की भूमिका रही। उन्होंने कहा कि पूरे नेटवर्क पर कार्रवाई के बिना ऐसी घटनाओं को रोकना मुश्किल होगा।
Source: Amar Ujala