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मोबाइल टिप्स: पुराना फोन हो गया है स्लो? इन तीन तरीकों से बढ़ाएं स्पीड, हैंग होने की परेशानी हो सकती है कम

27 Oct 2026, 12:38 am

मोबाइल टिप्स: पुराना फोन हो गया है स्लो? इन तीन तरीकों से बढ़ाएं स्पीड, हैंग होने की परेशानी हो सकती है कम

मोबाइल टिप्स: पुराना फोन हो गया है स्लो? इन तीन तरीकों से बढ़ाएं स्पीड, हैंग होने की परेशानी हो सकती है कम

जागृति शुक्लाटेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीजागृति शुक्लाTue, 27 Oct 2026 06:08 PM ISTसार

पुराना स्मार्टफोन धीमा चल रहा है, तो परेशान होने की जरुरत नहीं है। कुछ एप्स हटाकर आप फोन की स्टोरेज खाली कर सकते हैं। जिससे हो सकता है आपके फोन की परफॉर्मेंस सुधर जाए। आइए जानते हैं स्लो फोन के परफॉर्मेंस सुधारने के तरीके…

Is Smartphone Running Slow? Boost Performance Instantly These 3 Simple Tips
प्रतीकात्मक तस्वीर – फोटो : एआई जनरेटेड

    विस्तार

    नया स्मार्टफोन भी कुछ ही समय बाद सुस्त या धीमा पड़ने लगता है। एप्स का खुलने में जरूरत से ज्यादा समय लेना, स्क्रीन पर कमांड देने के बाद देर से प्रतिक्रिया मिलना या बार-बार फोन का अटकना फोन के इस्तेमाल का पूरा मजा किरकिरा कर देता है। ऐसे में कई लोग सीधे फोन ब्रांड पर शक करने लगते हैं, लेकिन असल वजह कम स्टोरेज, बैकग्राउंड में चलने वाले फालतू एप्स, पुराना सॉफ्टवेयर या हार्डवेयर पर बढ़ता दबाव हो सकता है।

    हालांकि, फोन की सेटिंग्स में कुछ बदलाव करके इसकी परफॉर्मेंस बेहतर करने की कोशिश की जा सकती है। इसके लिए सबसे पहले गैरजरूरी एप्स हटाएं, अपडेट चेक करें और होम स्क्रीन पर मौजूद भारी एनिमेशन को कम करें।

    1. गैरजरूरी एप्स को फोन से हटाएं

    • अक्सर हम जरूरत पड़ने पर कई एप्स डाउनलोड कर लेते हैं, लेकिन काम पूरा होने के बाद उन्हें इस्तेमाल करना भूल जाते हैं। ऐसे में वह फोन में जगह घेरे रहते हैं। कुछ एप्स बैकग्राउंड में भी एक्टिव रहते हैं, जिससे बैटरी और सिस्टम संसाधनों का इस्तेमाल हो सकता है।
    • फोन की स्पीड बेहतर करने के लिए अपनी एप लिस्ट चेक करें। जिन एप्स का इस्तेमाल लंबे समय से नहीं किया है और जिनकी आगे जरूरत भी नहीं है, उन्हें अनइंस्टॉल कर दें। जिन सिस्टम एप्स को हटाना संभव नहीं है, उन्हें डिसेबल करने का विकल्प कुछ फोन में मिल सकता है।
    • इससे फोन की इंटरनल स्टोरेज खाली हो सकती है। खासकर जब स्टोरेज लगभग भर चुकी हो, तब जगह खाली करने से फोन के सामान्य कामकाज में मदद मिल सकती है। हालांकि, हर गैरजरूरी एप सीधे फोन की रफ्तार कम नहीं करता।

    2. सॉफ्टवेयर और एप अपडेट को नजरअंदाज न करें

    • फोन पर सॉफ्टवेयर अपडेट का नोटिफिकेशन आने पर उसे बार-बार टालना ठीक नहीं है। कंपनियां अपडेट के जरिए सिक्योरिटी खामियां ठीक करने, बग्स दूर करने और परफॉर्मेंस में सुधार करने वाले बदलाव जारी कर सकती हैं।
    • अपडेट चेक करने के लिए फोन की सेटिंग्स में जाएं और वहां सॉफ्टवेयर अपडेट या इसी तरह के विकल्प को खोलें। अलग-अलग कंपनियों के फोन में इस सेटिंग का नाम और स्थान अलग हो सकता है। अगर अपडेट उपलब्ध है, तो उसे इंस्टॉल करने से पहले जरूरी डेटा का बैकअप लें और पर्याप्त बैटरी या चार्जिंग की व्यवस्था रखें।
    • इसके साथ गूगल प्ले स्टोर या एपल एप स्टोर पर जाकर एप्स के अपडेट भी चेक करते रहें। अपडेटेड एप्स में बग फिक्स और सिक्योरिटी सुधार मिल सकते हैं। ध्यान रखें कि हर अपडेट से फोन की स्पीड बढ़े, यह जरूरी नहीं है।

    3. होम स्क्रीन और एनिमेशन को हल्का रखें

    • लाइव वॉलपेपर, लगातार अपडेट होने वाले विजेट्स और होम स्क्रीन पर बहुत सारे शॉर्टकट फोन के संसाधनों का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसका असर फोन की बैटरी और कुछ स्थितियों में परफॉर्मेंस पर भी पड़ सकता है।
    • फोन को हल्का रखने के लिए लाइव वॉलपेपर की जगह सामान्य वॉलपेपर इस्तेमाल करें। ऐसे विजेट्स हटा दें जिनकी आपको जरूरत नहीं है। इससे होम स्क्रीन साफ रहेगी और अनावश्यक गतिविधियां भी कम हो सकती हैं।
    • एंड्रॉयड फोन में एक और विकल्प डेवलपर ऑप्शनंस के अंदर मिलता है। कुछ मॉडल में यहां विंडो एनिमेशन स्केल, ट्रांजिशन एनिमेशन स्केल और एनिमेटर ड्यूरेशन स्केल जैसी सेटिंग्स होती हैं। इन्हें 0.5x पर करने या एनिमेशन बंद करने से स्क्रीन पर बदलाव और एप्स के खुलने-बंद होने की प्रक्रिया तेज महसूस हो सकती है।
    • हालांकि, इससे फोन के प्रोसेसर की वास्तविक क्षमता नहीं बढ़ती। यह मुख्य रूप से इंटरफेस को ज्यादा तेज महसूस कराने का तरीका है। डेलवपर ऑप्शंस में बदलाव करते समय दूसरी सेटिंग्स को बिना समझे न बदलें।

    फोन की स्पीड बढ़ाने के लिए इन बातों का भी रखें ध्यान

    • इन तीन तरीकों के अलावा फोन की स्टोरेज में पर्याप्त खाली जगह रखें और जरूरत पड़ने पर फोन को रीस्टार्ट करें। अगर फोन लगातार गर्म हो रहा है, एप्स क्रैश हो रहे हैं या पर्याप्त स्टोरेज होने के बावजूद बहुत धीमे चल रहे हैं, तो समस्या किसी एप, बैटरी या हार्डवेयर से भी जुड़ी हो सकती है।
    • इन आसान बदलावों से पुराने स्मार्टफोन की परफॉर्मेंस में सुधार हो सकता है, लेकिन अगर फोन काफी पुराना है या उसका हार्डवेयर मौजूदा एप्स के लिए कमजोर पड़ चुका है, तो सिर्फ सेटिंग्स बदलने से हैंग होने की समस्या पूरी तरह दूर नहीं होगी।

    Source: Amar Ujala

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